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सीकर की कांग्रेस राजनीति मे अचानक नया भूचाल-प्रभारी मंत्री शंकूतला रावत व प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के सामने कार्यकर्ताओं का दर्द झलका।


     इससे पहले तत्तकालीन प्रभारी मंत्री रघु शर्मा पर विधायक वीरेंद्र सिंह द्वारा कोराना काल को लेकर गम्भीर सवाल खड़े करने पर उनको हटाकर सुभाष गर्ग की प्रभारी मंत्री बनाया था।
         ।अशफाक कायमखानी।
सीकर

                  राजस्थान के शेखावाटी जनपद के सीकर जिले के नेताओं का वर्तमान समय को छोड़कर अधीकांश समय केंद्र व राज्य की राजनीति मे काफी प्रभाव रहता आया है। भैरोंसिंह शेखावत  के तीन दफा मुख्यमंत्री बनने के अलावा उपराष्ट्रपति पद पर रहने के अलावा बहु प्रतिभा पाटील के राष्ट्रपति एवं यहां से सांसद रहे बलराम जाखड़ के लोकसभा अध्यक्ष व मंत्री रहने  एवं चौधरी देवीलाल के उपप्रधानमंत्री पद पर रहने का एक इतिहास रहा है। सुभाष महरिया व महादेव सिंह के केन्द्र मे मंत्री रहने के अतिरिक्त राज्य सरकार मे अधीकांश समय सभी सरकारों मे जिले का कोई ना कोई विधायक मंत्री बनता रहा है। लेकिन वर्तमान समय मे जिले के सभी आठो विधायकों के कांग्रेस सरकार के साथ रहने के बावजूद मंत्री मंडल मे प्रतिनिधित्व नही मिलने से जिले के कार्यकर्ताओं मे काफी आक्रोश पनपता साफ नजर आ रहा है।
         गणतंत्र दिवस के जिला स्तरीय कार्यक्रम के पश्चात सर्किट हाऊस मे प्रभारी मंत्री शंकूतला रावत ने पूर्व केन्द्रीय मंत्री सुभाष महरिया को बूलाकर जिले की राजनीति व आगामी चुनावों के सम्बंधित फिडबैक लेने पर महरिया द्वारा पीसीसी चीफ डोटासरा की मौजूदगी मे विधायकों के व्यवहार व वर्तमान हालात पर तल्ख लहजे मे टिप्पणी करने से जो भविष्य का खाका खींचा तो सभी सन्न रह गये। महरिया ने सभी विधायकों के चुनाव मे जी जान लगाकर उनकी जीत मे सहयोग करने के बाद उनके प्रति विधायकों के व्यवहार व सरकार की अनदेखी को विस्तृत रुप से रखने को प्रभारी मंत्री ने गम्भीरता से लेते हुये  बात को आगे तक पहुंचाने का कहा बताते।


              प्रभारी मंत्री रावत के दिनभर के दौरे मे लक्ष्मनगढ विधायक डोटासरा पूरे समय उनके साथ रहकर ही शामको उनको जयपुर के लिये रवाना किया। लेकिन जाने से पहले शामको जयपुर-बीकानेर हाईवे के बढाढर स्थित महरिया फार्म हाऊस पर प्रभारी मंत्री शंकूतला रावत ने डोटासरा के साथ किसानों से जैविक खेती के महत्व व उसको बढावा देने सहित किसानो के सम्बंधित कार्यो पर एक सेमिनार करके किसानों के सुझाव सून कर उन्हें मुख्यमंत्री तक पहुंचा कर कृषि बजट मे शामिल करने की कोशिश का भरोसा दिलाया।
     उक्त सेमिनार मे किसानों ने खेती व सहकारिता के सम्बंधित अनेक सुझाव दिये। सेमिनार मे प्रभारी मंत्री रावत व प्रदेश अध्यक्ष डोटासरा द्वारा वयोवृद्ध किसान नेता भंवरसिंह कूड़ली को शाल ओढाकर सम्मानित करने के बाद भंवरसिंह ने साफ लफ्जों मे जब महरिया को बर्फ मे लगाने का आरोप लगाने के साथ उनकी राजनीतिक मजबूत पकड़ को बताते हुये विधायकों के बारे मे भी कुछ सवाल खड़े करने की चर्चा बडे स्तर पर होनै के अलावा उनका वीडियो बडे स्तर पर वायरल होने से जिले की राजनीति मे एक तरह से भूचाल सा आ गया है। प्रभारी मंत्री के सामने किसान नेता द्वारा अपनी तकलीफ रखते समय प्रदेश अध्यक्ष डोटासरा ने जल्द किनारा करके साईड ले ली। पर किसान नेता ने मंत्री रावत को उनकी बात सूनने पर मजबूर किये रखा। मंत्री रावत ने समझदारी व राजनीतिक सूझबूझ दिखाते हुये किसानों की पूरी बात सूनते हुये अपनी तरफ से कोई खास रद्दोअमल नही दिखाया। प्रदेशाध्यक्ष गोविंद डोटासरा ने किसानों के सुझाव व उनके दर्द को मुख्यमंत्री तक पहुंचा कर उनके हल करने का भरोसा दिलाया।
     हाल ही मे शंकूतला रावत के प्रभारी मंत्री बनने के पहले कुछ समय के लिये सुभाष गर्ग व लम्बे समय तत्तकालीन चिकित्सा मंत्री रघु शर्मा भी सीकर के प्रभारी मंत्री रहे थे। कोराना काल को लेकर तत्तकालीन समय मे प्रभारी मंत्री रघु शर्मा पर दांतारामगढ़ विधायक वीरेंद्र सिंह ने सीकर नही आने व जिले के प्रति उपेक्षा बरतने को लेकर सार्वजनिक तौर पर गम्भीर आरोप लगाये थे। जिसकी मीडिया व सार्वजनिक तौर पर काफी चर्चा होने पर मुख्यमंत्री ने रघु शर्मा को बदलकर सुभाष गर्ग को प्रभारी मंत्री बनाया था।
               आयोजित सेमिनार मे सेंकड़ो किसानों के साथ प्रभारी मंत्री रावत, प्रदेशाध्यक्ष गोविंद डोटासरा, पूर्व केन्द्रीय मंत्री सुभाष महरिया, सीकर सभापति जीवण खा, पूर्व विधायक नंद किशोर महरिया, कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुनीता गठाला, महामंत्री शब्बीर कमाल, सहित सरपंच, कांग्रेस वर्कर व सामाजिक कारकून भी उपस्थित थे।


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