सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

सांसद ओवैसी के जयपुर आकर डेढ माह मे पार्टी संगठन खाड़ा करने का ऐहलान किया। सरदारपुरा-कोटा पश्चिम-टोंक-बीकानेर लक्ष्मनगढ विधानसभा क्षेत्र मुख्य निशाने पर।



   
                 ।अशफाक कायमखानी।
जयपुर।

                पहले की तरह कल शाम अचानक  एआईएमआईएम सुप्रीमो सांसद असदुद्दीन आवैसी के जयपुर आकर कल रात व आज दिनभर लोगो से मिलने के बाद पत्रकारों को कहा कि राजस्थान मे राजनीतिक तौर पर तीसरे विकल्प की पूरी सम्भावना होने के कारण अगले डेढ महीने मे वो पार्टी संगठन खड़ा कर देगें। ओर आगामी आम विधानसभा चुनाव मे एआईएमआईएम के उम्मीदवार खड़े करके चुनाव लड़ने की घोषणा करने के बाद खासतौर पर कांग्रेस खेमे मे हलचल बढती नजर आने लगी है। क्योंकि कांग्रेस के अधीकांश दिग्गज नेता मुस्लिम बहुल सीटो पर चुनाव लड़कर जीतकर आते है एवं भाजपा-कांग्रेस नामक दो दलीय व्यवस्था होने के कारण उनके लिये मुस्लिम समुदाय वोटबैंक की तरह उपयोग मे आता है।
              

हालांकि कांग्रेस सहित अनेक कथित सेक्यूलर दलो से जुडे लोग ओवैसी को भाजपा की बी टीम बताते बताते थकते नही है। जब ओवैसी से पत्रकारों ने पुछा की उनपर भाजपा की बी टीम होने का आरोप लगता है तो इस पर उन्होंने कहा कि वो आरोपों की परवाह नही करते है। वो राजस्थान मे मुस्लिम दलित व पीछड़े लोगो को एक अलग मंच देने आ रहे है। ओवैसी ने प्रदेश के मुस्लिम विधायकों पर भी कटाक्ष करते हुये कहा कि वो जब विधानसभा मे अंगड़ाई लेते हुये मुसलमान होने का अहसास होता है।
                   

 राजनीतिक सूत्र बताते है कि एआईएमआईएम की टीम पीछले दो-तीन साल से राजस्थान की राजनीति पर काम कर रही है। वो सभी तरह के हालात जानकर टीम द्वारा पूरा खाका तैयार करने के बाद स्वयं आवैसी ने राजस्थान आकर हलचल शुरू की है। राजस्थान के कुछ लोग हैदराबाद शहर के अलावा पूरे तेलंगाना मे रहकर या राजस्थान से वहां अच्छा व्यापार कर रहे है उनसे एआईएमआईएम के नेता व ओवैसी स्वयं बराबर टच मे बताते है। उन्हीं से काफी फीडबैक पहले ही ले चुके है। जानकारी अनुसार एआईएमआईएम ने 2023 के आम विधानसभा चुनाव मे मुस्लिम बहुल सीट से जीतकर उन्हीं को टरकाने वाले उन नेताओं को टारगेट करके उनके सामने मजबूत उम्मीदवार खड़ा करेगे। जिनमे मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट, यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल, मंत्री बीडी कल्ला, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद डोटासरा सहित अनेक नेत शामिल बताते है। एआईएमआईएम कुछ मुस्लिम उम्मीदवारों के अलावा आरक्षित सीटो के अलावा जाट बहुल सीटो पर भी फोकस करेगी। सूत्र बताते है कि राजस्थान मे करीब अड़सठ सीट ऐसी है जहां से कभी किसी ना किसी रुप मे मुस्लिम विधायक रह चुके है। उन सीटो मे से कुछ सीटे वर्तमान मे आरक्षित हो चुकी है। उन सीटो पर अंदर खाने एआईएमआईएम का काम चल रहा है।
     


   

एआईएमआईएम सुप्रीम सांसद ओवैसी से अनेक सामाजिक व धार्मिक संस्थाओं से जुड़े लोगो के अलावा राजनीति पर पकड़ रखने वाले लोग आज दिनभर मिलते रहे।काफी दिनो से आंदोलनरत मदरसा पैरा टीचर्स भी ओवैसी से मिलकर गहलोत सरकार की वादाखिलाफी के बारे मे बताया। अगले डेढ महीने मे एआईएमआईएम का संगठन प्रदेश मे खड़ा करने व आम विधानसभा चुनाव लड़ने का आज जयपुर मे ऐहलान करके ओवैसी ने राज्य भर मे जारी गुलाबी गुलाबी सर्द मे गरमाहट ला दी है।



 

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

वक्फबोर्ड चैयरमैन डा.खानू की कोशिशों से अल्पसंख्यक छात्रावास के लिये जमीन आवंटन का आदेश जारी।

         ।अशफाक कायमखानी। चूरु।राजस्थान।              राज्य सरकार द्वारा चूरु शहर स्थित अल्पसंख्यक छात्रावास के लिये बजट आवंटित होने के बावजूद जमीन नही होने के कारण निर्माण का मामला काफी दिनो से अटके रहने के बाद डा.खानू खान की कोशिशों से जमीन आवंटन का आदेश जारी होने से चारो तरफ खुशी का आलम देखा जा रहा है।            स्थानीय नगरपरिषद ने जमीन आवंटन का प्रस्ताव बनाकर राज्य सरकार को भेजकर जमीन आवंटन करने का अनुरोध किया था। लेकिन राज्य सरकार द्वारा कार्यवाही मे देरी होने पर स्थानीय लोगो ने धरने प्रदर्शन किया था। उक्त लोगो ने वक्फ बोर्ड चैयरमैन डा.खानू खान से परिषद के प्रस्ताव को मंजूर करवा कर आदेश जारी करने का अनुरोध किया था। डा.खानू खान ने तत्परता दिखाते हुये भागदौड़ करके सरकार से जमीन आवंटन का आदेश आज जारी करवाने पर क्षेत्रवासी उनका आभार व्यक्त कर रहे है।  

आई.सी.एस.ई. तथा आई.एस.सी 2021 के घोषित हुए परीक्षा परिणामो में लखनऊ पब्लिक स्कूल ने पूरे जिले में अग्रणी स्थान बनाया

 आई.सी.एस.ई. तथा आई.एस.सी 2021 के घोषित हुए परीक्षा परिणामो में लखनऊ पब्लिक स्कूल ने पूरे जिले में अग्रणी स्थान बनाया। विद्यालय में इस सत्र में आई.सी.एस.ई. (कक्षा 10) तथा आई.एस.सी. (कक्षा 12) में कुल सम्मिलित छात्र-छात्राओं की संख्या क्रमशः 153 और 103 रही। विद्यालय का परीक्षाफल शत -प्रतिशत रहा। इस वर्ष कोरोना काल में परीक्षा परिणाम विगत पिछले परीक्षाओं के आकलन के आधार पर निर्धारित किए गए है ।  आई.सी.एस.ई. 2021 परीक्षा में स्वयं गर्ग ने 98% अंक लाकर प्रथम,  ऋषिका अग्रवाल  ने 97.6% अंक लाकर द्वितीय तथा वृंदा अग्रवाल ने 97.4% अंक लाकर तृतीय स्थान प्राप्त किया।   आई .एस.सी. 2021 परीक्षा में आयुष शर्मा  ने 98.5% अंक लाकर प्रथम, कुशाग्र पांडे ने 98.25% अंक लाकर द्वितीय तथा आरुषि अग्रवाल ने 97.75% अंक लाकर तृतीय स्थान प्राप्त किया।   उल्लेखनीय है कि आई.एस.सी. 2021 परीक्षा में इस वर्ष विद्यालय में 21 छात्रों ने तथा आई.सी.एस.ई.की परीक्षा में 48 छात्रों ने 90 प्रतिशत से भी अधिक अंक लाएं।   आई.सी.एस. 2021 परीक्षा में प्रथम आये आयुष शर्मा के पिता श्री श्याम जी शर्मा एक व्यापारी हैं । वह भविष्य में

नूआ का मुस्लिम परिवार जिसमे एक दर्जन से अधिक अधिकारी बने। तो झाड़ोद का दूसरा परिवार जिसमे अधिकारियों की लम्बी कतार

              ।अशफाक कायमखानी। जयपुर।             राजस्थान मे खासतौर पर देहाती परिवेश मे रहकर फौज-पुलिस व अन्य सेवाओं मे रहने के अलावा खेती पर निर्भर मुस्लिम समुदाय की कायमखानी बिरादरी के झूंझुनू जिले के नूआ व नागौर जिले के झाड़ोद गावं के दो परिवारों मे बडी तादाद मे अधिकारी देकर वतन की खिदमत अंजाम दे रहे है।            नूआ गावं के मरहूम लियाकत अली व झाड़ोद के जस्टिस भंवरु खा के परिवार को लम्बे अर्शे से अधिकारियो की खान के तौर पर प्रदेश मे पहचाना जाता है। जस्टिस भंवरु खा स्वयं राजस्थान के निवासी के तौर पर पहले न्यायीक सेवा मे चयनित होने वाले मुस्लिम थे। जो बाद मे राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस पद से सेवानिवृत्त हुये। उनके दादा कप्तान महमदू खा रियासत काल मे केप्टन व पीता बक्सू खां पुलिस के आला अधिकारी से सेवानिवृत्त हुये। भंवरु के चाचा पुलिस अधिकारी सहित विभिन्न विभागों मे अधिकारी रहे। इनके भाई बहादुर खा व बख्तावर खान राजस्थान पुलिस सेवा के अधिकारी रहे है। जस्टिस भंवरु के पुत्र इकबाल खान व पूत्र वधु रश्मि वर्तमान मे भारतीय प्रशासनिक सेवा के IAS अधिकारी है।              इसी तरह नूआ गावं के मरह