कानपुर प्रकरण पर बोले यू.पी के डीजीपी जल्द ही मामले की तह तक पहुंचेंगे


कानपुर :: चौबेपुर थानाक्षेत्र में बृहस्पतिवार रात अपराधियों के साथ मुठभेड में एक पुलिस उपाधीक्षक सहित आठ पुलिसकर्मियों के शहीद होने को 'बेहद दुर्भाग्यपूर्ण' बताते हुए उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) हितेश चंद्र अवस्थी ने कहा है कि हम जल्द ही मामले की तह तक पहुंचेंगे।

अवस्थी ने शुक्रवार को कहा, ‘‘पुलिस कार्रवाई हो रही है और दो अपराधी मुठभेड में मारे भी गये हैं। टीमें अभी भी कार्यरत हैं। सीमाएं सील कर दी गयी हैं और एसएसपी कई टीमों का 'सुपरविजन' कर रहे हैं । सबेरे से कार्रवाई हो रही है। इनमें यहां की और लखनऊ से आयी एसटीएफ की टीम भी लगी हुई है। हम जल्द ही मामले की तह तक पहुंचेंगे और अपराधियों को वहीं पहुंचाएंगे, जहां :जेल: उन्हें होना चाहिए।’’

डीजीपी ने यहां संवाददाताओं से कहा, 'आपको मालूम है कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना है, जिसमें डयूटी पर कार्यरत पुलिस अधिकारी और पुलिस के कांस्टेबल, सब इंस्पेक्टर पर ये कायराना हमला अपराधी तत्वों द्वारा किया गया है और हमला करने के बाद वे भाग गये ।'

उन्होंने कहा, 'यहां जो हमारी पुलिस पार्टी आयी थी, उसको साजिश के तहत... अर्थ मूवर मशीन से रास्ता रोका गया और अंधेरे का फायदा उठाकर हमला किया गया। ये जो भी घटना हुई है, बिना सोची समझी साजिश के नहीं हुई है।'

अवस्थी ने कहा कि पुलिस टीम अपना दायित्व निभाने यहां आयी थी और उस पर हमला किया गया। हमने लखनऊ से फारेंसिक टीम मंगायी है। स्थानीय फारेंसिक टीम भी विश्लेषण कर रही है। एसटीएफ को भी दायित्व दिया गया है।

उन्होंने कहा कि वारदात की गंभीरता को देखते हुए पता लगाया गया रहा है कि योजना कैसे बनी और वारदात कैसे हुई, इसके पीछे कौन है? इसका रहस्योदघाटन करते हुए दोषियों की पहचान की जाएगी और उनके खिलाफ साक्ष्य जमा कर प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।

इस सवाल पर कि क्या अपराधियों को पहले से जानकारी थी कि पुलिस यहां आने वाली है, अवस्थी ने कहा कि ये सारी संभावनाएं टीमें पता कर रही हैं और हर पहलू से जांच हो रही है।

उनसे जब पूछा गया कि क्या वारदात में एके—47 का इस्तेमाल हुआ, डीजीपी ने कहा कि जांच के बाद ही यह बताया जा सकेगा कि कौन से हथियारों का इस्तेमाल अपराधियों ने किया।

उल्लेखनीय है कि चौबेपुर थानाक्षेत्र में देर रात अपराधियों के साथ मुठभेड में पुलिस उपाधीक्षक सहित आठ पुलिसकर्मी शहीद हो गये। पांच पुलिसकर्मी, होमगार्ड का एक जवान और एक आम नागरिक घायल हो गये।

इस बीच प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यहां पहुंचकर सीधे अस्पताल गये, जहां उन्होंने घायल लोगों का हालचाल लिया ।


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