सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

कानपुर के छह इलाके 'रेड जोन' घोषित

कानपुर (उप्र), :: कानपुर जिले में दो विदेशी नागरिकों समेत तबलीगी जमात के छह सदस्यों के कोविड-19 से संक्रमित पाए जाने के बाद जिले के छह इलाकों को 'रेड जोन' घोषित कर दिया गया है।


जिलाधिकारी ब्रह्मदेव राम तिवारी ने रविवार को बताया कि दो विदेशी नागरिकों समेत तबलीगी जमात के छह सदस्यों के पिछले दिनों कोरोना वायरस से संक्रमित पाए जाने के बाद संबंधित इलाके के एक किलोमीटर के दायरे को रेड जोन घोषित किया गया है।


उन्होंने बताया कि चमनगंज स्थित हलीम प्राइमरी मस्जिद, कर्नलगंज की हुमायूं मस्जिद, बाबू पुरवा की सफा मस्जिद, सजेती की बड़ी मस्जिद और नौबस्ता तथा घाटमपुर को रेड जोन घोषित किया गया है।


तिवारी ने बताया कि रेड जोन घोषित किए गए इलाकों को संक्रमण मुक्त करने के आदेश दिए गए हैं। साथ ही इन क्षेत्रों में लोगों के आवागमन पर भी सख्ती से पाबंदी लगाई गई है।


उन्होंने बताया कि ड्रोन कैमरे की मदद से लोगों की आवाजाही पर नजर रखी जा रही है औ गैर कानूनी तरीके से एकत्र होने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।


जिलाधिकारी ने बताया कि रेड जोन घोषित किए गए इलाकों के एक किलोमीटर के दायरे में अवरोधक लगाए गए हैं।


इस बीच, जिला मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर अशोक शुक्ला ने बताया कि दिल्ली के निजामुद्दीन मरकज से तबलीगी जमात के कार्यक्रम में शिरकत करके 31 लोग कानपुर लौटे थे जिनमें से छह लोग कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं।


उन्होंने बताया कि इनमें से 22 लोगों को लाला लाजपत राय अस्पताल में भर्ती कराया गया है वहीं नौ अन्य लोग उर्सला अस्पताल में भर्ती हैं।


जिला प्रशासन ने उन सभी लोगों से सामने आकर कोविड-19 की जांच कराने की अपील की है जो तबलीगी जमात के कार्यक्रम में शामिल हुए थे। 


टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

वक्फबोर्ड चैयरमैन डा.खानू की कोशिशों से अल्पसंख्यक छात्रावास के लिये जमीन आवंटन का आदेश जारी।

         ।अशफाक कायमखानी। चूरु।राजस्थान।              राज्य सरकार द्वारा चूरु शहर स्थित अल्पसंख्यक छात्रावास के लिये बजट आवंटित होने के बावजूद जमीन नही होने के कारण निर्माण का मामला काफी दिनो से अटके रहने के बाद डा.खानू खान की कोशिशों से जमीन आवंटन का आदेश जारी होने से चारो तरफ खुशी का आलम देखा जा रहा है।            स्थानीय नगरपरिषद ने जमीन आवंटन का प्रस्ताव बनाकर राज्य सरकार को भेजकर जमीन आवंटन करने का अनुरोध किया था। लेकिन राज्य सरकार द्वारा कार्यवाही मे देरी होने पर स्थानीय लोगो ने धरने प्रदर्शन किया था। उक्त लोगो ने वक्फ बोर्ड चैयरमैन डा.खानू खान से परिषद के प्रस्ताव को मंजूर करवा कर आदेश जारी करने का अनुरोध किया था। डा.खानू खान ने तत्परता दिखाते हुये भागदौड़ करके सरकार से जमीन आवंटन का आदेश आज जारी करवाने पर क्षेत्रवासी उनका आभार व्यक्त कर रहे है।  

आई.सी.एस.ई. तथा आई.एस.सी 2021 के घोषित हुए परीक्षा परिणामो में लखनऊ पब्लिक स्कूल ने पूरे जिले में अग्रणी स्थान बनाया

 आई.सी.एस.ई. तथा आई.एस.सी 2021 के घोषित हुए परीक्षा परिणामो में लखनऊ पब्लिक स्कूल ने पूरे जिले में अग्रणी स्थान बनाया। विद्यालय में इस सत्र में आई.सी.एस.ई. (कक्षा 10) तथा आई.एस.सी. (कक्षा 12) में कुल सम्मिलित छात्र-छात्राओं की संख्या क्रमशः 153 और 103 रही। विद्यालय का परीक्षाफल शत -प्रतिशत रहा। इस वर्ष कोरोना काल में परीक्षा परिणाम विगत पिछले परीक्षाओं के आकलन के आधार पर निर्धारित किए गए है ।  आई.सी.एस.ई. 2021 परीक्षा में स्वयं गर्ग ने 98% अंक लाकर प्रथम,  ऋषिका अग्रवाल  ने 97.6% अंक लाकर द्वितीय तथा वृंदा अग्रवाल ने 97.4% अंक लाकर तृतीय स्थान प्राप्त किया।   आई .एस.सी. 2021 परीक्षा में आयुष शर्मा  ने 98.5% अंक लाकर प्रथम, कुशाग्र पांडे ने 98.25% अंक लाकर द्वितीय तथा आरुषि अग्रवाल ने 97.75% अंक लाकर तृतीय स्थान प्राप्त किया।   उल्लेखनीय है कि आई.एस.सी. 2021 परीक्षा में इस वर्ष विद्यालय में 21 छात्रों ने तथा आई.सी.एस.ई.की परीक्षा में 48 छात्रों ने 90 प्रतिशत से भी अधिक अंक लाएं।   आई.सी.एस. 2021 परीक्षा में प्रथम आये आयुष शर्मा के पिता श्री श्याम जी शर्मा एक व्यापारी हैं । वह भविष्य में

नूआ का मुस्लिम परिवार जिसमे एक दर्जन से अधिक अधिकारी बने। तो झाड़ोद का दूसरा परिवार जिसमे अधिकारियों की लम्बी कतार

              ।अशफाक कायमखानी। जयपुर।             राजस्थान मे खासतौर पर देहाती परिवेश मे रहकर फौज-पुलिस व अन्य सेवाओं मे रहने के अलावा खेती पर निर्भर मुस्लिम समुदाय की कायमखानी बिरादरी के झूंझुनू जिले के नूआ व नागौर जिले के झाड़ोद गावं के दो परिवारों मे बडी तादाद मे अधिकारी देकर वतन की खिदमत अंजाम दे रहे है।            नूआ गावं के मरहूम लियाकत अली व झाड़ोद के जस्टिस भंवरु खा के परिवार को लम्बे अर्शे से अधिकारियो की खान के तौर पर प्रदेश मे पहचाना जाता है। जस्टिस भंवरु खा स्वयं राजस्थान के निवासी के तौर पर पहले न्यायीक सेवा मे चयनित होने वाले मुस्लिम थे। जो बाद मे राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस पद से सेवानिवृत्त हुये। उनके दादा कप्तान महमदू खा रियासत काल मे केप्टन व पीता बक्सू खां पुलिस के आला अधिकारी से सेवानिवृत्त हुये। भंवरु के चाचा पुलिस अधिकारी सहित विभिन्न विभागों मे अधिकारी रहे। इनके भाई बहादुर खा व बख्तावर खान राजस्थान पुलिस सेवा के अधिकारी रहे है। जस्टिस भंवरु के पुत्र इकबाल खान व पूत्र वधु रश्मि वर्तमान मे भारतीय प्रशासनिक सेवा के IAS अधिकारी है।              इसी तरह नूआ गावं के मरह