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शाहीन बाग, जामिया, सीलमपुर में सीएए विरोधी प्रदर्शन महज संयोग नहीं : मोदी

नयी दिल्ली, :: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को कहा कि सीलमपुर, जामिया नगर और शाहीन बाग में सीएए विरोधी प्रदर्शन महज संयोग नहीं हैं बल्कि एक राजनीतिक षड्यंत्र हैं ताकि देश के सौहार्द को नुकसान पहुंचाया जा सके। उन्होंने आम आदमी पार्टी और कांग्रेस पर प्रदर्शनों को भड़काने के आरोप लगाए।


पूर्वी दिल्ली के कड़कड़डूमा में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए मोदी ने आरोप लगाए कि आप और कांग्रेस लोगों को उकसा रहे हैं और उन्हें गलत सूचनाएं दे रहे हैं।


दिल्ली में आठ फरवरी को होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले मोदी ने कहा कि वे संविधान और तिरंगे को आगे रख रहे हैं लेकिन उनका उद्देश्य ‘‘वास्तविक षड्यंत्र से ध्यान भटकाना है।’’


शाहीन बाग में प्रदर्शन का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि नोएडा से आने-जाने वाले लोगों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।


उन्होंने कहा, ‘‘दिल्ली के लोग चुप हैं और गुस्से से इस वोट बैंक की राजनीति को देख रहे हैं।’’


उन्होंने कहा, ‘‘अगर षड्यंत्र करने वालों की संख्या बढ़ती है तो दूसरी सड़कों या मार्गों को जाम किया जाएगा। हम दिल्ली को इस तरह की अराजकता के लिए नहीं छोड़ सकते। दिल्ली के लोग ही इसे रोक सकते हैं। भाजपा को दिए गए हर वोट से यह हो सकता है।’’


उन्होंने कहा, ‘‘चाहे सीलमपुर हो, जामिया (नगर) या शाहीन बाग, कई दिनों से संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ प्रदर्शन हो रहे हैं। क्या ये प्रदर्शन संयोग हैं? नहीं, ये संयोग नहीं बल्कि एक प्रयोग हैं।’’


मोदी ने कहा कि प्रदर्शनों के पीछे राजनीतिक षड्यंत्र है जिसका उद्देश्य देश के सौहार्द को खराब करना है।


भाजपा के चुनाव प्रचार में शाहीन बाग मुख्य मुद्दा है और पार्टी के शीर्ष नेता हर रैली में इस मुद्दे को उठा रहे हैं।


मोदी ने कहा, ‘‘21वीं सदी के भारत में नफरत की राजनीति का कोई मतलब नहीं है। केवल विकास की राजनीति मायने रखती है।’’


उन्होंने कहा कि प्रदर्शनों के दौरान हिंसा और संपत्ति को नुकसान पहुंचाए जाने को लेकर उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालय ने भी असंतोष जाहिर किया है।


उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन ये लोग अदालतों की भी नहीं सुनते। वे उस बात को स्वीकार नहीं करते जो अदालतें कहती हैं और संविधान की बात करते हैं।’’


संशोधित नागरिकता कानून के विरोध में दिसम्बर में राष्ट्रीय राजधानी के कई हिस्सों में व्यापक प्रदर्शन हुए।


प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि जिन लोगों ने बटला हाउस मुठभेड़ पर सवाल उठाए थे वे अब ‘टुकड़े टुकड़े’ नारा लगाने वालों को बचा रहे हैं।


उन्होंने आप और मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की भी आलोचना की और कहा कि उन्होंने सर्जिकल स्ट्राइक को लेकर सेना पर भी सवाल खड़े किए।


प्रधानमंत्री ने वादा किया कि केंद्र सरकार सभी गरीब परिवारों को 2022 तक ‘पक्का’ घर मुहैया कराएगी।


उन्होंने कहा कि हम देश को प्रभावित करने वाली दशकों पुरानी समस्याओं का समाधान ढूंढ रहे हैं और हमने दिल्ली में अवैध कॉलोनियों को नियमित किया।


इस पहल से राष्ट्रीय राजधानी के 40 लाख से अधिक लोगों को फायदा मिलने की उम्मीद है।


प्रधानमंत्री ने आप सरकार पर आरोप लगाया कि वह गरीबों को घर नहीं देना चाहती है और प्रधानमंत्री आवास योजना को रोक रही है।


दिल्ली की रैली में प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘आम आदमी पार्टी जब तक सत्ता में रहेगी लोगों के लिए कल्याणकारी योजनाओं को रोकती रहेगी।’’


उन्होंने कहा कि भाजपा सकारात्मकता में विश्वास करती है और देश हित हमारे लिए सर्वोपरि है।


मोदी ने कहा कि भारत नफरत की राजनीति से नहीं बल्कि विकास की नीति से चलेगा।


उन्होंने भाजपा सरकार की उपलब्धियां गिनाईं, अनुच्छेद 370 हटाने, अयोध्या फैसला, करतारपुर कोरीडोर और उत्पीड़न के शिकार अल्पसख्ंयकों के लिए सीएए लाने का भी जिक्र किया।


 


मोदी ने कहा, ‘‘हमारे विपक्षी कहते हैं कि मोदी जी आप इतनी तेजी से क्यों काम कर रहे हैं, आप इतने बड़े निर्णय क्यों कर रहे हैं। लेकिन कई दशकों की समस्याओं का समाधान करने की जरूरत है ताकि देश तेजी से आगे बढ़ सके। देश के लोग यही चाहते हैं।’’


व्यापारियों और आम आदमी से संपर्क साधने का प्रयास करते हुए उन्होंने बजट में उनके लिए उठाए गए कदमों का ब्यौर दिया। उन्होंने वेतनभोगी वर्ग को आयकर से राहत और एमएसएमई सेक्टर, कौशल विकास, निर्यात और आधारभूत ढांचा तैयार करने के लिए किए गए कई उपायों का जिक्र किया।


उन्होंने कहा, ‘‘औद्योगिक विस्तार और नौकरियों के अवसर सृजित करना सीधे आधारभूत संरचना से जुड़े हुए हैं।’’


प्रधानमंत्री ने दिल्ली में सत्तारूढ़ आप पर प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि यह पूर्वांचलियों और बिहारियों से ‘‘पक्षपात’’ करती है।


उन्होंने कहा, ‘‘बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि पटना से आने वाली बसों को दिल्ली में आने की अनुमति नहीं दी जा रही है। वे कहते हैं कि बिहारी और पूर्वांचली 500 रुपये की टिकट खरीदकर दिल्ली में आते हैं और पांच लाख रुपये का इलाज कराते हैं। बिहार के लोग देश भर में बढ़िया काम कर रहे हैं। उनके प्रति ऐसी नफरत से हमें दुख होता है। यह उनकी मानसिकता से झलकता है।’’


दिल्ली में पिछले 20 वर्षों से कांग्रेस और आप के शासन का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘20 वर्षों से आपने काफी समस्याएं झेलीं और दिल्ली में कष्ट उठाए। इसलिए जरूरी है कि भाजपा सत्ता में आए।’’


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