सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

बिजली के तार के संपर्क में आने से बस में आग लगी: नौ यात्रियों की मौत, 22 अन्य घायल

ब्रह्मपुर :: ओडिशा में गंजाम जिले के गोलंतारा इलाके में रविवार को बिजली के तार के संपर्क में आने से एक बस में आग लग गई। इस दुर्घटना में नौ यात्रियों की मौत हो गई और 22 अन्य जख्मी हो गए। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।


मुख्यमंत्री कार्यालय के अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की है।


उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्रियों ने हादसे में घायल लोगों को मुफ्त में चिकित्सा सुविधाएं देने की घोषणा की है।


अधिकारी ने बताया कि घायलों को एमकेसीजी चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल में भर्ती किया गया है जबकि पांच घायलों को कटक स्थित एससीबी चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल भेजा गया है।


पुलिस ने बताया कि हादसा मनदाराजपुर में उस समय हुआ जब बस जंगलपाडु से चिकरादा जा रही थी और उसमें करीब 40 यात्री सवार थे।


ब्रह्मपुर सदर के उप मंडलीय पुलिस अधिकारी (एसडीपीओ) जयंत कुमार महापात्रा ने बताया कि बस में सवार लोग एक नज़दीकी गांव में सगाई समारोह में शिरकत करने जा रहे थे।


उन्होंने बताया कि बस 11 किलोवाट की क्षमता वाली बिजली के तार के संपर्क में आ गई जिससे उसमें आग लग गई।


राज्य के परिवहन मंत्री पद्मानाभ बेहरा ने कहा कि पूरी घटना की गंभीरता से जांच कराई जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


केंद्रीय पेट्रोलियम एवं इस्पात मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने घटना पर शोक जताया और घायलों के शीघ्र स्वस्थ्य होने की कामना की।


घटना की जांच कराने की मांग करते हुए उन्होंने कहा कि दोबारा ऐसी घटना होने से रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।


मुख्य दमकल अधिकारी सुकांत सेठी ने बताया कि आग को बुझा दिया गया है और पारेषण लाइन से बिजली की आपूर्ति काटकर गाड़ी के अंदर से सभी लोगों को निकाल लिया गया है और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।


उन्होंने बताया कि शुरुआती जानकारी के मुताबिक बस की छत पर सामान रखा था और बस चालक ने संकरी सड़क पर दो पहिया वाहन को रास्ता देने की कोशिश की उसी समय वह पारेषण लाइन के संपर्क में आ गई।


सेठी ने बताया कि घटना की गंभीरता से जांच कर हादसे की परिस्थितियों का आकलन किया जाएगा।


टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

वक्फबोर्ड चैयरमैन डा.खानू की कोशिशों से अल्पसंख्यक छात्रावास के लिये जमीन आवंटन का आदेश जारी।

         ।अशफाक कायमखानी। चूरु।राजस्थान।              राज्य सरकार द्वारा चूरु शहर स्थित अल्पसंख्यक छात्रावास के लिये बजट आवंटित होने के बावजूद जमीन नही होने के कारण निर्माण का मामला काफी दिनो से अटके रहने के बाद डा.खानू खान की कोशिशों से जमीन आवंटन का आदेश जारी होने से चारो तरफ खुशी का आलम देखा जा रहा है।            स्थानीय नगरपरिषद ने जमीन आवंटन का प्रस्ताव बनाकर राज्य सरकार को भेजकर जमीन आवंटन करने का अनुरोध किया था। लेकिन राज्य सरकार द्वारा कार्यवाही मे देरी होने पर स्थानीय लोगो ने धरने प्रदर्शन किया था। उक्त लोगो ने वक्फ बोर्ड चैयरमैन डा.खानू खान से परिषद के प्रस्ताव को मंजूर करवा कर आदेश जारी करने का अनुरोध किया था। डा.खानू खान ने तत्परता दिखाते हुये भागदौड़ करके सरकार से जमीन आवंटन का आदेश आज जारी करवाने पर क्षेत्रवासी उनका आभार व्यक्त कर रहे है।  

लखनऊ - लुलु मॉल में नमाज पढ़ने वाले लोगों की हुई पहचान। चार लोगों को पुलिस ने किया गिरफ्तार।

       लखनऊ - लुलु मॉल में नमाज पढ़ने वाले लोगों की हुई पहचान। चार लोगों को पुलिस ने किया गिरफ्तार। 9 में से 4 लोग को पुलिस ने किया गिरफ्तार। सीसीटीवी और सर्विलांस के जरिए उन तक पहुंची पुलिस। नमाज अदा करने वालों में मोहम्मद रेहान पुत्र मोहम्मद रिजवान निवासी खुर्रम नगर थाना इंदिरा नगर , लखनऊ। दूसरा आतिफ खान पुत्र मोहम्मद मतीन खान थाना मोहम्मदी जिला लखीमपुर मौजूदा पता खुर्रम नगर थाना इंदिरा नगर लखनऊ। तीसरा मोहम्मद लुकमान पुत्र मनसूर अली मूल पता लहरपुर सीतापुर हाल पता अबरार नगर खुर्रम नगर थाना इंदिरा नगर लखनऊ। मोहम्मद नोमान निवासी लहरपुर सीतापुर हाल पता अबरार नगर खुर्रम नगर थाना इंदिरा नगर लखनऊ। पकड़े गए चार लड़कों में सीतापुर के रहने वाले दोनों सगे भाई निकले। लखनऊ में एक ही मोहल्ले में रहने वाले चारों लड़कों ने  पढ़ी थी लुलु मॉल में एक साथ जाकर नमाज।    अबरार नगर, खुर्रम नगर थाना इंदिरा नगर के रहने वाले हैं चारों लड़के। सुशांत गोल्फ सिटी पुलिस ने लूलू मॉल में बिना अनुमति नमाज पढ़ने वालों को किया गिरफ्तार।।  

नूआ का मुस्लिम परिवार जिसमे एक दर्जन से अधिक अधिकारी बने। तो झाड़ोद का दूसरा परिवार जिसमे अधिकारियों की लम्बी कतार

              ।अशफाक कायमखानी। जयपुर।             राजस्थान मे खासतौर पर देहाती परिवेश मे रहकर फौज-पुलिस व अन्य सेवाओं मे रहने के अलावा खेती पर निर्भर मुस्लिम समुदाय की कायमखानी बिरादरी के झूंझुनू जिले के नूआ व नागौर जिले के झाड़ोद गावं के दो परिवारों मे बडी तादाद मे अधिकारी देकर वतन की खिदमत अंजाम दे रहे है।            नूआ गावं के मरहूम लियाकत अली व झाड़ोद के जस्टिस भंवरु खा के परिवार को लम्बे अर्शे से अधिकारियो की खान के तौर पर प्रदेश मे पहचाना जाता है। जस्टिस भंवरु खा स्वयं राजस्थान के निवासी के तौर पर पहले न्यायीक सेवा मे चयनित होने वाले मुस्लिम थे। जो बाद मे राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस पद से सेवानिवृत्त हुये। उनके दादा कप्तान महमदू खा रियासत काल मे केप्टन व पीता बक्सू खां पुलिस के आला अधिकारी से सेवानिवृत्त हुये। भंवरु के चाचा पुलिस अधिकारी सहित विभिन्न विभागों मे अधिकारी रहे। इनके भाई बहादुर खा व बख्तावर खान राजस्थान पुलिस सेवा के अधिकारी रहे है। जस्टिस भंवरु के पुत्र इकबाल खान व पूत्र वधु रश्मि वर्तमान मे भारतीय प्रशासनिक सेवा के IAS अधिकारी है।              इसी तरह नूआ गावं के मरह